दुलारचंद यादव मर्डर केस में पुलिस की बड़ी कार्रवाई: पूर्व विधायक अनंत सिंह गिरफ्तार
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पटना/मोकामा।
मोकामा के चर्चित दुलारचंद यादव हत्याकांड में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पूर्व विधायक और एनडीए उम्मीदवार अनंत सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। पटना पुलिस की एसएसपी कार्तिक के शर्मा के नेतृत्व में टीम ने शनिवार सुबह बाढ़ के कारगिल मार्केट से अनंत सिंह को हिरासत में लिया। बताया जा रहा है कि अनंत सिंह के सरेंडर करने की संभावना पहले से जताई जा रही थी, जिसके बाद पुलिस उनकी गतिविधियों पर नजर रखे हुई थी।
पुलिस ने अनंत सिंह के साथ दो अन्य सहयोगियों— मणिकांत ठाकुर और रणजीत राम— को भी गिरफ्तार किया है। तीनों को पूछताछ के बाद पटना कोर्ट में पेश किया जाएगा।
🔹 हत्या के बाद से इलाके में तनाव
मोकामा के तारतर इलाके में 30 अक्टूबर को दो पक्षों में भिड़ंत हुई थी, जिसके बाद जन सुराज पार्टी समर्थक दुलारचंद यादव की हत्या हो गई थी। शव बरामद होने के बाद पूरे इलाके में तनाव फैल गया था। दोनों पक्षों की ओर से एफआईआर दर्ज कराई गई थी।
पटना एसएसपी ने बताया कि जांच के शुरुआती चरण में यह स्पष्ट हुआ कि अनंत सिंह घटना के वक्त अपने समर्थकों के साथ मौके पर मौजूद थे, जिससे आचार संहिता का उल्लंघन भी हुआ।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दुलारचंद यादव के शरीर पर गोली और चोट के निशान पाए गए हैं, जो हत्या की पुष्टि करते हैं।
🔹 सीआईडी ने संभाली जांच
घटना की गंभीरता को देखते हुए बिहार पुलिस की सीआईडी ने जांच की कमान अपने हाथ में ले ली है।
सीआईडी डीआईजी जयंतकांत ने खुद मोकामा पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया। एफएसएल की टीम ने बसावन चक इलाके से कई अहम साक्ष्य जुटाए हैं।
पुलिस ने उन गाड़ियों से भी सबूत इकट्ठे किए हैं जो भिड़ंत के दौरान क्षतिग्रस्त हुई थीं।
🔹 पहले से प्लानिंग की आशंका
जांच के दौरान पुलिस को मोकामा टाल इलाके से रेलवे ट्रैक पर इस्तेमाल होने वाले पत्थरों के सैंपल मिले हैं।
पुलिस का कहना है कि ये पत्थर आमतौर पर उस इलाके में नहीं मिलते, जिससे पहले से हमले की साजिश रचने की संभावना जताई जा रही है।
🔹 चुनाव आयोग ने मांगी रिपोर्ट
दुलारचंद यादव की हत्या और आरजेडी उम्मीदवार वीणा देवी की गाड़ी पर हुए पथराव के बाद क्षेत्र में तनाव फैल गया है।
चुनाव आयोग ने इस पूरे मामले पर बिहार के डीजीपी से विस्तृत रिपोर्ट तलब की है।
बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण का मतदान 6 नवंबर और दूसरे चरण का 11 नवंबर को होना है, जबकि मतगणना 14 नवंबर को होगी।
ऐसे में यह घटना चुनावी माहौल को सीधे प्रभावित कर रही है।

